दुर्ग जिले मे पीडीएस चावल तस्करों की बढ़ती जा रही है तादात,अवैध खरीद-फरोख्त पर अंकुश लगाने मे नाकाम हुए विभागीय अफसर

विस्तार

Ravi Mishra
भिलाई /
मुख्यमंत्री खाद्यान्ना योजना के तहत गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले जरूरतमंद हितग्राहियों को मिलने वाला राशन जिले भर मे किराना स्टोर में खुलेआम बिक रहा। खाद्य सुरक्षा कानून लागू होने के बाद भी चावल तस्करो द्वारा इस चावल की अवैध ख़रीदी बिक्री की जा रही है, वही हितग्राही भी एक रुपए में मिलने वाला चावल को लाभ कमाने के लालच में इन तस्करों को बेच रहे हैं, राशन के चावल की होने वाले अवैध खरीद-फरोख्त कारोबार की जानकारी विभागीय अमले को होने के बाद भी अवैध खरीद-फरोख्त पर अंकुश लगाने जिम्मेदार विभागीय अफसर उदासीनता बरत रहे। जिसकी वजह से जिले भर मे अवैध चावल तस्करों की तादात दिन प्रति दिन बढ़ती जा रही है। ये तस्कर सरकारी की इस योजना को मिट्टी मे मिलाकर खुद की जेब भरने मे दिन रात लगे है।

सरकार द्वारा चलाये गए योजना के तहत राशन कार्ड हितग्राही परिवारों को एक रुपए प्रति किलो की दर से प्रतिमाह राशन की दुकानों से पात्र हितग्राही परिवारों को प्रदान किया जाता है। एक रुपए प्रति किलो की दर से लगभग 35 किलो चावल महज 35 रुपये में मिलता है। जिसे हितग्राहीयों द्वारा चावल तस्करों को 15 से 17 रुपए प्रति किलो की दर से बेच लोग सीधा-सीध मुनाफा कमा रहे हैं।जिसपर संज्ञान लेकर इस अवैध कारोबार को तत्काल ध्वस्त कर अवैध खरीदी बिक्री पर रोक लगाने की आवश्कता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *